जिले में पोषण अभियान के अंतर्गत ‘पोषण पखवाड़ा’ का औपचारिक शुभारंभ किया गया। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने एक विशेष ‘पोषण रथ’ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया जो पूरे जनपद में भ्रमण कर पोषण और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता फैलाएगा। पोषण पखवाड़े के तहत जिला एवं विकासखंड स्तर पर विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा जिसमें मां और बच्चे के पोषण पारंपरिक ज्ञान और 0-3 वर्ष के बच्चों के लिए शुरुआती स्टिमुलेशन एवं विकास निगरानी पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।इस अभियान का मुख्य उद्देश्य बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए खेल आधारित शिक्षा (3-6 वर्ष) और रचनात्मकता को बढ़ावा देना है।
जिलाधिकारी ने आधुनिक जीवनशैली के दुष्प्रभावों को कम करने हेतु बच्चों का ‘स्क्रीन टाइम’ घटाने और स्वस्थ जीवनशैली के बारे में बच्चों को जानकारी दिये जाने पर जोर दिया। साथ ही सामुदायिक सहयोग को सशक्त करने के लिए आंगनबाड़ी केंद्रों हेतु खिलौने शिक्षण सामग्री और आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए ताकि बच्चों को एक बेहतर शैक्षिक वातावरण मिल सके।
इस दौरान कार्यक्रम अधिकारी यशोदा बिष्ट , आईसीडीएस की सुपरवाइजर एवं संबंधित विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे। जिन्होंने सामूहिक रूप से कुपोषण के खिलाफ इस लड़ाई में अपना पूर्ण सहयोग देने का संकल्प लिया।


