टेक्सटाइल कौशल को बढ़ाने के लिए ग्रामीणों को प्रशिक्षण देने की जरूरत, डीएम ने दिए ये निर्देश

Ramesh Kuriyal
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सिक्योर हिमालय प्रोजेक्ट के तहत कृषि,बागवानी और इको टूरिज्म से स्थानीय समुदाय की आजीविका को मजबूत किया जाएगा। गुरुवार को जिलाधिकारी अभिषेक रुहेला की अध्यक्षता में जिला सभागार में सिक्योर हिमालय परियोजना के अन्तर्गत जनपद उत्तरकाशी में गंगोत्री एवं गोविन्द नेशनल पार्क की वर्ष 2023-24 की वार्षिक कार्य योजना की समीक्षा बैठक आयोजित हुई।

जिलाधिकारी ने कहा कि परियोजना के तहत सिबकथौन, लेवेंडर, सेब, रौसमेरी, हर्षिल राजमा के लिए इंट्रीग्रेटेड प्लान बनाए जाय। ताकि स्थानीय लोगों को इसका फायदा मिल सके। साथ ही जिलाधिकारी ने इको टूरिज्म के तहत खेड़ा ताल व कंडारा बुग्याल को शामिल करने व स्थानीय समुदाय के सहयोग से सतत विकास को बढ़ावा देने के निर्देश दिए।

गंगोत्री भू-क्षेत्र के गांवों में सीबकथोन खेती और प्रसंस्करण श्रृंखला की स्थापना करने एवं मनरेगा व कृषि विभाग के तहत अभिसरण के कार्य कार्य किए जाने के भी निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने वुडेरा हिमालयन क्राफ्ट के अंर्तगत काम कर रहे ग्रामीणों के टेक्सटाइल कौशल को बढ़ाने हेतु प्रशिक्षण देने के निर्देश दिए।

सिक्योर हिमालय परियोजना के परियोजना सहायक उम्मेद धाकड़ ने प्रस्तुतिकरण के माध्यम से परियोजना की प्रगति के बारे में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने जनपद में परियोजना के तहत की गई गतिविधियों जैसे हस्तशिल्प, इको-टूरिज्म वेल्यू चैन, वन हेल्थ, सोलराइजेशन विभिन्न प्रकार के कौशल विकास प्रशिक्षण, एप्पल वेल्यू चैन और प्रसंस्करण, आदि गतिविधियों एवं आजीविका संवर्धन की अद्यतन स्थिति से अवगत कराया।

बैठक में प्रभागीय वनाधिकारी डीपी बलूनी,उप निदेशक गंगोत्री नेशनल पार्क रंगनाथन पांडेय,सीएमओ डॉ रमेशचंद्र सिंह पंवार,पीडी रमेशचंद्र,मुख्य कृषि अधिकारी जेपी तिवारी,सीवीओ डॉ भरतदत्त ढौंडियाल,जिला पर्यटन विकास अधिकारी जसपाल सिंह चौहान सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

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