हरिद्वार में अगले वर्ष आयोजित होने वाले कुंभ मेला के सुव्यवस्थित, सुरक्षित एवं भव्य आयोजन के लिए शासन-प्रशासन के स्तर पर तैयारियों को तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है। कुंभ मेला से जुड़े निर्माण कार्यों को निर्धारित समयसीमा में पूरा करने के साथ ही कुंभ क्षेत्र में केंद्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न एजेंसियों के माध्यम से संचालित परियोजनाओं को भी मेला शुरू होने से पहले पूरा कराने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
इसी सिलसिले में सचिव शहरी विकास, उत्तराखंड शासन श्री नितेश कुमार झा ने गुरुवार को हरिद्वार पहुंचकर उत्तराखंड निवेश एवं आधारिक संरचना बोर्ड (यूआईआईडीबी) की परियोजनाओं के तहत कुंभ क्षेत्र में उत्तराखंड परियोजना विकास एवं निर्माण निगम लिमिटेड (यूपीडीसीसी) द्वारा संचालित निर्माण कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। इस अवसर पर सचिव शहरी विकास ने कहा कि वर्षाकाल समाप्त होते ही यूपीडीसीसी सहित सभी निर्माण एजेंसियां पूरी क्षमता के साथ कार्यों में जुट जाएं तथा कुंभ मेला की व्यवस्थाओं से जुड़े सभी निर्माण कार्य निर्धारित समयसीमा के भीतर पूरा करना सुनिश्चित करें। उन्होंने कार्यदायी संस्थाओं के अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि कार्यों में देरी और लापरवाही को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। किसी भी प्रकार की गड़बड़ी अथवा अनावश्यक विलंब पाए जाने पर जवाबदेही तय करते हुए संबंधित अधिकारी के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
सीसीआर सभागार में आयोजित बैठक में सचिव शहरी विकास ने यूआईआईडीबी द्वारा स्वीकृत हर की पैड़ी पुनर्विकास परियोजना, रोड़ीबेलवाला क्षेत्र पुनरोद्धार एवं विकास परियोजना तथा उत्तरी हर की पैड़ी क्षेत्र विकास परियोजना के निर्माण कार्यों की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की। इन परियोजनाओं के अंतर्गत यूपीडीसीसी के माध्यम से घाटों एवं मार्गों के सुधार एवं उन्नयन, प्रकाश व्यवस्था, सौंदर्यीकरण, सुरक्षा, जनसुविधाओं के विकास एवं उन्नयन, भीड़ प्रबंधन के उपाय, वेंडिंग जोन का निर्माण, ड्रेनेज एवं सीवरेज से जुड़े कार्य, पार्किंग सुविधाओं का विकास, आस्था पथ का उन्नयन तथा आकस्मिक निकासी मार्ग विकसित करने सहित अनेक महत्वपूर्ण कार्य कराए जा रहे हैं।
सचिव शहरी विकास ने यूपीडीसीसी के अधिकारियों को निर्देश दिए कि आगामी कुंभ मेला को देखते हुए घाटों के सुधार, सुरक्षा तथा श्रद्धालुओं की सुविधाओं से जुड़े कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए और अन्य सभी आवश्यक कार्यों को भी आगामी 15 दिसंबर तक अनिवार्य रूप से पूरा कर लिया जाए। उन्होंने कहा कि कुंभ मेला से संबंधित विभिन्न निर्माण परियोजनाओं से विकसित होने वाले भवनों एवं अन्य अवसंरचनाओं के फसाड में हरिद्वार एवं कुंभ के महत्व के अनुरूप कलर कोड एवं थीम में एकरूपता सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने घाटों पर श्रद्धालुओं की सुरक्षा के दृष्टिगत उपयुक्त रेलिंग स्थापित करने तथा सभी घाटों पर पहले से लगी रेलिंग की सुरक्षा जांच कराने के निर्देश भी दिए। सचिव ने हर की पैड़ी क्षेत्र के सौंदर्यीकरण, घाटों के सुधार एवं स्वच्छता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश देते हुए कहा कि इस क्षेत्र की धार्मिक एवं सांस्कृतिक गरिमा के साथ-साथ श्रद्धालुओं की अत्यधिक आवाजाही को ध्यान में रखते हुए सभी कार्य किए जाएं।
सचिव ने कहा कि कुंभ मेला से जुड़े सभी निर्माण कार्य सुव्यवस्थित, सुरक्षित एवं सुंदर होने चाहिए। उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए कुंभ मेला की तैयारियों को तेजी से पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अब प्रत्येक सप्ताह शासन स्तर पर कुंभ मेला के कार्यों की प्रगति की समीक्षा की जाएगी। साथ ही कार्यदायी संस्थाओं के उच्चाधिकारियों को निर्माण कार्यों पर निरंतर निगरानी रखने तथा प्रतिदिन कार्यों की प्रगति की समीक्षा करने के निर्देश दिए।
सचिव ने कुंभ मेला की तैयारियों के संबंध में अधिकारियों से विचार-विमर्श करते हुए सेक्टरवार व्यवस्थाओं की भी समीक्षा की। उन्होंने कहा कि सभी सेक्टरों में स्थापित होने वाले शिविरों के लिए आवश्यक सुविधाएं समय से उपलब्ध कराई जाएं। इसके साथ ही ड्यूटी पर तैनात कार्मिकों के आवास एवं भोजन की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कुंभ मेला के दौरान स्वास्थ्य, स्वच्छता एवं जलापूर्ति सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं के संबंध में की जा रही तैयारियों की भी जानकारी प्राप्त की।
इस अवसर पर मेलाधिकारी श्रीमती सोनिका ने कुंभ मेला से संबंधित तैयारियों की प्रगति की जानकारी देते हुए बताया कि निर्माण कार्यों को समयबद्ध ढंग से पूरा करने के लिए निरंतर निगरानी की जा रही है। बड़ी परियोजनाओं के कार्यस्थलों पर दिन-रात कार्य प्रारंभ कराया गया है। उन्होंने यूपीडीसीसी की परियोजनाओं में भी कार्य की गति बढ़ाते हुए आवश्यकता के अनुसार दिन-रात कार्य कराने की अपेक्षा की।
बैठक में अपर मेलाधिकारी श्री दयानंद सरस्वती ने कुंभ मेला के प्रबंधन के लिए मेला प्रशासन द्वारा तैयार किए गए सेक्टर प्लान का प्रस्तुतिकरण किया। उन्होंने बताया कि संपूर्ण कुंभ क्षेत्र को 5 जोन एवं 32 सेक्टरों में विभाजित किया गया है। प्रत्येक जोन एवं सेक्टर में आवश्यक व्यवस्थाओं की कार्ययोजना तैयार कर उन्हें चरणबद्ध ढंग से धरातल पर उतारा जा रहा है।
बैठक में आईजी (कुंभ) डॉ. योगेंद्र सिंह रावत, जिलाधिकारी हरिद्वार श्री मयूर दीक्षित, नगर आयुक्त श्री नंदन कुमार, यूपीडीसीसी के महाप्रबंधक श्री मनोज कुमार सिंह, कुंभ मेला टेक्निकल सेल के अधीक्षण अभियंता श्री मनोज कुमार भट्ट, लोक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता श्री डी.पी. सिंह, सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता श्री अनुभव नौटियाल, टेक्निकल सेल के अधिशासी अभियंता श्री प्रवीण कुमार, सिंचाई विभाग उत्तर प्रदेश की गंगा कैनाल डिवीजन रुड़की के अधिशासी अभियंता श्री विकास त्यागी, यूपीडीसीसी के परियोजना प्रबंधक श्री सुमित मलवाल एवं श्री आशीष भट्ट, वित्त नियंत्रक श्री लखेन्द्र गौथियाल सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक के बाद शहरी विकास सचिव ने रोड़ीबेलवाला पुनर्विकास परियोजना, एडमिन रोड परियोजना तथा शिवमूर्ति चौराहे के सुधार एवं सौंदर्यीकरण कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को सभी कार्यों को समयबद्ध ढंग से उच्च गुणवत्ता के साथ पूरा करने के निर्देश दिए।



