कांठ बंगला बस्ती में प्रस्तावित विस्थापन के विरोध में स्थानीय लोगों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है। शुक्रवार को आयोजित जनसभा में बस्तीवासियों ने आरोप लगाया कि उनके साथ कानून के विपरीत जबरन विस्थापन का प्रयास किया जा रहा है और उनके अधिकारों का लगातार हनन हो रहा है।
जनसभा में पहुंचे शिष्टमंडल में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता संजय शर्मा और प्रीतम सिंह के साथ सर्वोदय मंडल के हरबीर सिंह कुशवाहा शामिल रहे। उन्होंने स्थानीय निवासियों की समस्याएं सुनीं और 2016 के अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन तथा जबरन विस्थापन के खिलाफ आंदोलन को और तेज करने का ऐलान किया।
इस दौरान समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय सचिव डॉ. सत्यनारायण सचान और भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के समर भंडारी ने भी आंदोलन को अपना समर्थन दिया।
बस्तीवासियों का कहना है कि वे पिछले छह महीनों से आंदोलनरत हैं, लेकिन अब तक प्रशासन की ओर से न तो विस्थापन योजना की स्पष्ट जानकारी दी गई है और न ही उनके अधिकारों की सुरक्षा को लेकर कोई ठोस कदम उठाया गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि सूचना के अधिकार के तहत भी संबंधित विभाग जवाब देने से बच रहे हैं।
शिष्टमंडल ने भरोसा दिलाया कि बस्तीवासियों के हकों की रक्षा के लिए आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा और जरूरत पड़ने पर बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन किया जाएगा।



